The Elasticity of Supply- Meaning, Types and Methods – In Hindi

आपूर्ति की लोच (Elasticity of Supply) एक आर्थिक शब्द है जो अन्य आर्थिक चर जैसे माल की कीमत, संबंधित वस्तुओं की कीमत और विक्रेताओं की अपेक्षाओं, आदि में परिवर्तन के लिए एक अच्छी या सेवा की आपूर्ति की संवेदनशीलता को संदर्भित करता है।

आपूर्ति की लोच का अर्थ (Meaning of Elasticity of Supply):

आपूर्ति की लोच (Elasticity of Supply) एक उत्पाद की आपूर्ति की गई मात्रा की प्रतिक्रिया है, जिसमें से एक चर में आपूर्ति निर्भर करती है। बुनियादी आर्थिक सिद्धांत के अनुसार, एक वस्तु की आपूर्ति मूल्य में वृद्धि के साथ बढ़ती है और कीमत में गिरावट के साथ घट जाती है।

परिभाषाएं (Definitions):

बिलास के अनुसार,

“आपूर्ति की लोच (Elasticity of Supply) को मूल्य में प्रतिशत परिवर्तन से विभाजित आपूर्ति की गई मात्रा में प्रतिशत परिवर्तन के रूप में परिभाषित किया गया है।”

लिप्सी के अनुसार,

“आपूर्ति की लोच (Elasticity of Supply) कीमत में प्रतिशत परिवर्तन पर आपूर्ति की गई मात्रा में प्रतिशत परिवर्तन का अनुपात है।”

आपूर्ति की कीमत लोच (Price Elasticity of Supply):

मूल्य में परिवर्तन के कारण मांग की गई मात्रा को मापने वाले पद को मूल्य आपूर्ति की लोच (Elasticity of Supply) के रूप में जाना जाता है। यह आपूर्ति की गई मात्रा में परिवर्तन और एक वस्तु की कीमत में परिवर्तन के बीच संबंध को मापता है।

इसकी गणना इस प्रकार की जा सकती है:

Price Elasticity of Supply(PES) = Percentage change in quantity supplied
Percentage change in price

आपूर्ति की कीमत लोच को मापने के तरीके (Methods to measure the Price Elasticity of Supply):  

आपूर्ति की कीमत लोच (Elasticity of Supply) को मापने के मुख्य रूप से दो तरीके हैं:

1) आनुपातिक या प्रतिशत विधि

2) ज्यामितीय विधि

इन तरीकों के रूप में समझाया जा सकता है:

1. आनुपातिक या प्रतिशत विधि (Proportionate or Percentage Method): 

इस पद्धति के अनुसार, आपूर्ति की लोच (Elasticity of Supply) को ‘आपूर्ति की गई मात्रा में प्रतिशत परिवर्तन’ और ‘वस्तु के मूल्य में प्रतिशत परिवर्तन’ के बीच अनुपात के रूप में परिभाषित किया जा सकता है।

Es= Percentage change in quantity supplied/Percentage change in price

Symbolically,

Es  = ΔQ X 100
Q
ΔP X 100

 

 

 

 

Es = ΔQ X P
ΔP Q

उदाहरण के लिए,

मान लीजिए, एक विक्रेता कमोडिटी की 500 इकाइयों को बेचने की पेशकश करता है, जब इसकी कीमत 10 रुपये प्रति यूनिट होती है, जबकि केवल 250 यूनिट्स की पेशकश की जाती है, अगर कीमत घटकर प्रति यूनिट 5 रुपये हो जाती है। फिर,

Es = ΔQ X P
ΔP Q
Es = 250-500 X 10
5-10 500
Es = -250 X 10
-5 500

Es  = 1

2. ज्यामितीय विधि (Geometric Method):

ज्यामितीय रूप से, आपूर्ति की लोच (El;asticity of Supply) आपूर्ति वक्र की उत्पत्ति पर निर्भर करती है। आपूर्ति वक्र को एक सीधी रेखा और धनात्मक ढलान मानकर, ज्यामितीय विधि आपूर्ति की लोच को निम्न प्रकार से मापती है:

geometric method
In fig,

P= Rs 50 (initial price)

P1= Rs 55 (new price)

Q= 200 units (initial quantity)

Q1= 220 units (new quantity)

ΔP = 55-50 = Rs 5

ΔQ = 220-200 = 20 units

Es = ΔQ X P
ΔP Q

 

Es = BC X P
AC Q

 

Es = 20 X 50
5 200

 

Es = 1

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